अफगानिस्तान के बहाने पूरे होंगे चीन के नापाक मंसूबे! दक्षिण एशिया में शक्ति संतुलन बिगड़ने की आशंका

समझौते के बाद से ही खतरनाक आतंकी संगठन आईएसआईएस का अफगानिस्तान में दखल बढ़ा है। उल्लेखनीय है कि आईएसआईएस का मध्य एशिया के बाद दूसरा लक्ष्य दक्षिण एशिया के देश हैं। भारत सरकार को आने वाले इस महासंकट से सावधान रहना होगा क्योंकि तालिबान और पाकिस्तान की मिलीभगत से हुए कंधार विमान अपहरण का दंश हम झेल चुके हैं।

अच्छे नहीं चल रहें ‘दबंग’ के दिन, कोरोना से पहले अफगानिस्तान में अमेरिका की मात

समझौते की दूसरी शर्त के मुताबिक तालिबान को आतंक के रास्ते से हटना था, लेकिन दोनों पक्षों में बातचीत के चौबीस घंटे बीतने से लेकर अब तक आधा दर्जन से अधिक आतंकी हमले हो चुके हैं।

लॉकडाउन में जरूर देखें ये 5 अंडररेटेड कॉमेडी मूवीज

अगर आपको डेडपूल जैसी फिल्में पसंद हैं तो इस फिल्म को जरूर देखिए। 2018 में आई इस फिल्म में अभिमन्यु दासानी और राधिका मदान को मुख्य किरदार में दिखाया गया है। इसमें एक सूर्या नाम के एक लड़के के शरीर में दर्द ना होने की बीमारी दिखाई गई है।

कोविड-19 की मार: छोटे उद्यमी और श्रमिकों के लिए इधर कुंआ उधर खाई

राष्ट्रीय सैंपल सर्वे (National Sample Survey Office – NSSO) और पीरियोडिक लेबर फोर्स सर्वेज (Periodic Labour Force Survey- PLFS) के मुताबिक करीब 14 करोड़ गैर कृषि रोजगारों पर बड़ा खतरा मंडरा रहा है, इनमें स्थायी कर्मचारी ही नहीं, दिहाड़ी मजदूर भी शामिल हैं, वहीं देशभर में असंगठित क्षेत्रों की नौकरियों पर भी छंटनी का खतरा मंडरा रहा है।

तेल की कम खपत और अधिक उत्पादन से मुश्किल में ओपेक

भारत जैसा तेल आयातक (Importer) देश कुल खपत (consumption) का 82 परसेंट तेल आयात करता है, जिसमें से 28 परसेंट क्रूड ऑयल (Crude Oil) होते हैं। क्रूड आयल को आम भाषा में कच्चा तेल कहते हैं। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर हम पेट्रोलियम और कच्चे तेल को जिसमें मापते हैं, उसे बैरल (Barrel) कहते हैं।

जानिए कितना अलग है पीएमएनआरएफ (PMNRF) से पीएमकेयर्स (PMCARES)

पीएमएनआरएफ (PMNRF) की स्थापना तब पाकिस्तान से विस्थापित हुए लोगों की मदद करने के लिए किया गया था, लेकिन बाद में इस राहत कोष का उपयोग बड़ा व्यापक हो गया था।

अरब मुल्क: खूनखराबे में लाखों खाक, नहीं रुक रही आपसी जंग

भारत को जीत कर तुर्कों ने बाबर के सामने यह शर्त रखी थी कि वह उसे मुस्लिम देश बना देगा। इन अरब देशों में आपसी युद्ध की एक प्रमुख वजह यह है कि जिन हालातों में इन इस्लामिक देशों का विकास हुआ था, कुछ लोग अब भी उन्ही हालातों को बनाए रखना चाहते हैं।

बीस साल पहले Film ‘हेरा फेरी’ से मिली Real Comedy को नई जान

फ़िल्म में संजय दत्त को श्याम की भूमिका (Role) के लिए चुना गया था, लेकिन ड्रग्स और प्रतिबंधित हथियारों को रखने के मामले में जेल जाने और मुकदमे में फंसे होने से उनको इस प्रोजेक्ट से बाहर निकलना पड़ा।

अजूबों से भरी दुनिया की सच्चाई है विविधता

दुनिया के सभी सुखों से आबाद लोग भी उस सुख से ऊब जाते हैं और ऐसी जगह और स्थिति की तलाश में रहते हैं, जहां वह सुख और उसका संसार न रहे। विविधता हमेशा अच्छी लगती है, आकर्षित करती है और भावनाओं को बढ़ावा देती है। एकरूपता टिकाऊ नहीं होती है। वह अपने आप में ही बोझिल लगती है।