ओमीक्रोन हो रहा बेलगाम: जीने की आदत बदलें या फिर जीने की आस छोड़ें

अमेरिका में तेजी से बढ़ रहा है ओमीक्रॉन। (आजतक फाइल फोटो-AP/PTI)

कोरोना महामारी और ओमीक्रोन के संक्रमण ने पूरी दुनिया को हिलाकर रख दिया है। लोग पिछले दो साल की पीड़ा को भूले नहीं हैं, लेकिन दूसरे ने फिर जन्म ले लिया। अब तो लोग कहने लगे हैं कि शायद यह जीवन का हिस्सा बन जाए और कभी खत्म न हो। वजह यह है कि जिस जीवन शैली में लोग रह रहे हैं, उसको आसानी से छोड़ना मुश्किल है और बिना मुश्किल हालात बने, लोग बदलना नहीं चाहते हैं। इसलिए या तो इसी तरह जीने की आदत डालें या फिर इससे जीने की आस छोड़ें।

दो साल पहल जब कोरोना वायरस महामारी का रूप लेना शुरू किया था, और अमेरिका में हजारों नहीं लाखों लोग इससे पीड़ित हुए थे, तब तत्कालीन राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा था, कोविड से लगातार हो रही मौतों का सिलसिला 5 लाख पर जाकर रुक जाए, तब भी बहुत है। उस वक्त पूरी दुनिया इससे पीड़ित थी और टीकों का इजाद नहीं हुआ था। लॉकडाउन, सुरक्षित दूरी और हाथ धोने के अलावा और कोई इलाज नहीं था।

अब टीके लग गए तो उम्मीद जगी कि कोरोना का खात्मा हो गया, लेकिन कोरोना का दूसरा रूप ओमीक्रोन उभर आया। ओमीक्रोन उससे भी ज्यादा भयानक है। बताया जा रहा है कि पिछले हफ्ते अमेरिका में संक्रमण के 75 प्रतिशत नए मामले इसी स्वरूप से संक्रमित पाए गए। संघीय स्वास्थ्य अधिकारियों ने सोमवार को जानकारी दी।

: खास बातें :
सिंगापुर की स्थानीय मीडिया की खबरों के अनुसार, देश में कोविड-19 के 195 नए मामले आए हैं जिनमें से 45 मामले ओमीक्रोन स्वरूप के हैं। सिंगापुर के एक शॉपिंग सेंटर में एक जिम से ओमीक्रोन के कई मामले सामने आए हैं।

ऑस्ट्रेलिया की सबसे घनी आबादी वाले राज्य न्यू साउथ वेल्स में मंगलवार को पहली बार कोविड-19 के नए मामले 3,000 के पार चले गए, जिससे प्रधानमंत्री स्कॉट मॉरिसन पर बूस्टर खुराक देने का अभियान तेज करने का दबाव बढ़ गया है।

रोग नियंत्रण एवं रोकथाम केंद्र (सीडीसी) के आंकड़े दिखाते हैं कि केवल एक सप्ताह में ओमीक्रोन संक्रमण के मामलों में तकरीबन छह गुना वृद्धि हुई है। न्यूयॉर्क क्षेत्र में संक्रमण के नए मामलों में से अनुमानित रूप से 90 प्रतिशत मरीजों में ओमीक्रोन की पुष्टि हुई है। राष्ट्रीय दर से पता चलता है कि अमेरिका में पिछले हफ्ते ओमीक्रोन स्वरूप के 6,50,000 से अधिक मामले आए।

सीडीसी के अनुसार, जून के अंत से देश में संक्रमण के मामलों के लिए डेल्टा स्वरूप जिम्मेदार था। नवंबर के अंत तक कोरोना वायरस के 99.5 प्रतिशत से अधिक मामले डेल्टा स्वरूप के कारण आए थे। सीडीसी निदेशक डॉ. रोचेल वालेन्स्की ने कहा कि नए मामले दिखाते हैं कि अन्य देशों में संक्रमण के मामलों में कितनी वृद्धि हुई है।

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उन्होंने कहा, ‘‘ये संख्या बेहद खराब है लेकिन आश्चर्यजनक नहीं है।’’ ओमीक्रोन स्वरूप के बारे में शुरुआती अध्ययनों से पता चलता है कि टीके की खुराक ले चुके लोगों को ओमीक्रोन से संक्रमित होने से बचने के लिए बूस्टर खुराक लेने की आवश्यकता पड़ेगी। हालांकि बूस्टर खुराक लिए बिना भी टीकाकरण से गंभीर रूप से बीमार पड़ने और मौत होने से बचा जा सकता है।

इस बीच, सिंगापुर की स्थानीय मीडिया की खबरों के अनुसार, देश में कोविड-19 के 195 नए मामले आए हैं जिनमें से 45 मामले ओमीक्रोन स्वरूप के हैं। सिंगापुर के एक शॉपिंग सेंटर में एक जिम से ओमीक्रोन के कई मामले सामने आए हैं। स्वास्थ्य मंत्रालय की वेबसाइट पर उपलब्ध ताजा आंकड़ों के अनुसार, ओमीक्रोन से संक्रमित 42 मरीज विदेश से आए हैं और तीन स्थानीय हैं।

वहीं, ऑस्ट्रेलिया की सबसे घनी आबादी वाले राज्य न्यू साउथ वेल्स में मंगलवार को पहली बार कोविड-19 के नए मामले 3,000 के पार चले गए, जिससे प्रधानमंत्री स्कॉट मॉरिसन पर बूस्टर खुराक देने का अभियान तेज करने का दबाव बढ़ गया है। न्यू साउथ वेल्स में कोरोना वायरस के रिकॉर्ड 3,057 नए मामले आए और पिछले 24 घंटों में दो मरीजों की मौत हुई। राज्य में 284 मरीज अस्पतालों में भर्ती हैं और इनमें से 39 मरीज आईसीयू में हैं। मॉरिसन ने न्यू साउथ वेल्स और विक्टोरिया राज्य में संक्रमण के मामले बढ़ने पर बुधवार को राष्ट्रीय मंत्रिमंडल की एक ‘‘अनौपचारिक’’ बैठक बुलाई है। विक्टोरिया में मंगलवार को कोविड-19 के 1,245 नए मामले आए और छह मरीजों की मौत हुई।

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