Economy

Meesho के Staff को 10 Days Work Break, 64 अतिरिक्त छुट्टियां भी

कंपनी ने यह कदम कर्मचारियों को उनके मानसिक स्वास्थ्य और आराम पर अधिक ध्यान देने के लिए उठाया है। (Photos source: The Economic Times Panache)

आम तौर पर यह माना जाता है कि प्राइवेट कंपनियां अपने कर्मचारियों से काफी काम लेती हैं। बेशक वह सरकारी कंपनियों से ज्यादा पैसे भी देती हैं, लेकिन सरकारी कंपनियों की तरह वहां सुस्त बने रहने की छूट नहीं रहती है। इसकी वजह से लोग सरकारी सेवाओं में जाना ज्यादा पसंद करते रहे हैं। लेकिन अब ऐसा नहीं है। प्राइवेट सेवाओं में ज्यादा काम लिया जाता है तो ज्यादा पैसे भी दिए जाते हैं और तो और सुख-सुविधाओं का भी काफी ख्याल रखा जाता है। वे अपने कर्मचारियों से काम लेती हैं तो उन्हें भरपूर आराम देती हैं, ताकि वे ज्यादा काम करने के लिए मानसिक रूप से तनावमुक्त रहें, आर्थिक रूप से मजबूत रहें और उनका परिवार भी संपन्न रहे।

सोशल कॉमर्स प्लेटफॉर्म मीशो (Meesho) अपने सभी कर्मचारियों को इस साल 10 दिन का वर्क ब्रेक देने जा रही, जिससे त्योहारी माहौल के बाद वे भरपूर आराम कर सकें और तरोताजा होकर काम पर लौटें। खुद Meesho ने इसका सोशल मीडिया लिंक्डइन पर ऐलान करते हुए बताया कि कंपनी 4 नवंबर से 14 नवंबर तक काम नहीं करेगी।

इनके अलावा Meesho में काम करने वाले लोगों को 64 ऑप्शनल होलीडे (Holiday Calendar) का कैलेंडर बनाकर दिया गया है। इसमें महिला दिवस, बुक लवर्स डे और वैलेंटाइन डे जैसे खास दिन भी शामिल हैं। कंपनी ने कहा है कि वह यह समझती है कि कोरोना महामारी ने लोगों के मानसिक स्वास्थ्य और उनकी प्रोडक्विटी पर बहुत भारी पड़ी है। एक दूसरे लिंक्डइन पोस्ट पर कंपनी ने कहा है कि इसने ऑप्शनल छुट्टियों की संख्या अपडेट कर दी गई है। अब हर कर्मचारी को 64 ऑप्शनल छुट्टियां मिलेंगीं। इसमें त्योहारों के अलावा महिला दिवस, बुक लवर्स डे और वैलेंटाइन डे जैसे दिन भी शामिल हैं।

READ: सरकार को हुई बैंक कर्मचारियों के परिवार की चिंता, बढ़ाई पारिवारिक पेंशन

READ ALSO: डिजिटलीकरण से देश में आई स्टार्टअप क्रांति यानी बढ़ेंगे रोजगार

Meesho ऐप को 2015 में आईआईटी दिल्ली के दो सहपाठियों विदित आत्रे और संजीव बर्णवाल ने शुरू किया था। यह मैन्यूफैक्चरर्स को प्लेटफॉर्म मुहैया कराता है जो उन्हें री-सेलर्स से जोड़ता है। ये कस्टमर प्रोडक्ट को वॉट्सऐप और फेसबुक जैसे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के जरिये आखिरी ग्राहक तक बेचते हैं। इसका मुख्यालय बेंगलुरू में है और यह री-सेलर्स को पेमेंट और लॉजिस्टिक्स सर्विसेज भी मुहैया कराता है ताकि उनके ट्रांजेक्शन और बिक्री में मदद मिले। कंपनी देश के 5 हजार शहरों में लगभग एक करोड़ री-सेलर्स को अपनी सर्विस देती है।

इसको लेकर कर्मचारियों में काफी उत्साह है और वे दोगुने जोश से काम कर रहे हैं। मीशो को देखकर दूसरी कंपनियां भी कुछ ऐसा ही योजना बनाने में जुट गई हैं। निकट भविष्य में दूसरी कंपनियां भी ऐसा ही ऐलान कर सकती हैं।

The Center for Media Analysis and Research Group (CMARG) is a center aimed at conducting in-depth studies and research on socio-political, national-international, environmental issues. It provides readers with in-depth knowledge of burning issues and encourages them to think deeply about them. On this platform, we will also give opportunities to the budding, bright and talented students to research and explore new avenues.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *